खूंटी । झारखंड के प्रमुख धार्मिक स्थलों में शुमार बाबा आम्रेश्वर धाम में पवित्र सावन माह के अंतिम रविवार को भगवान भोलेनाथ के जलाभिषेक के लिए श्रद्धालुओं का सैलाब उमड़ पड़ा। दूर-दराज के इलाकों से पहुंचे हजारों शिवभक्तों ने श्रद्धा और आस्था के साथ बाबा आम्रेश्वर का जलाभिषेक किया।
सिमडेगा, गुमला सहित झारखंड के विभिन्न जिलों और आसपास के क्षेत्रों से बड़ी संख्या में श्रद्धालु नंगे पांव पैदल चलकर मिनी बाबा धाम पहुंचे। शनिवार की आधी रात के बाद से ही जलाभिषेक करने वाले भक्तों की लंबी कतारें लगनी शुरू हो गई थीं। रातभर श्रद्धालुओं के आने का सिलसिला जारी रहा और सुबह होते-होते मंदिर परिसर तथा आसपास का पूरा क्षेत्र शिवभक्तों से भर गया।
तड़के मुख्य मंदिर सहित अन्य मंदिरों के पट खुलते ही श्रद्धालुओं में उत्साह और बढ़ गया। मंदिर परिसर में प्रवेश करते ही भक्तों ने भगवान शिव के जयकारे लगाए। पूरा क्षेत्र “बोल बम” और “हर-हर महादेव” के जयघोष से गुंजायमान हो उठा। श्रद्धालु कतारबद्ध होकर अपनी बारी का इंतजार करते रहे और भगवान शिव को जल, बेलपत्र, फूल तथा अन्य पूजन सामग्री अर्पित कर सुख, शांति और समृद्धि की कामना की।
सावन के अंतिम रविवार के अवसर पर बाबा आम्रेश्वर धाम में उमड़ी भारी भीड़ को देखते हुए पूरे क्षेत्र में धार्मिक उत्साह का माहौल बना रहा। श्रद्धालुओं की सुविधा और सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए जिला प्रशासन और बाबा आम्रेश्वर धाम प्रबंध समिति के सदस्य लगे रहे। सुरक्षा के भी पुख्ता इंतजाम किये गए थे। दिनभर जलाभिषेक और पूजा-अर्चना का सिलसिला जारी रहा। आस्था के इस महापर्व में बड़ी संख्या में पहुंचे श्रद्धालुओं ने बाबा आम्रेश्वर के दर्शन कर स्वयं को धन्य महसूस किया।
श्रद्धालुओं का मानना है कि सावन के पावन माह में बाबा आम्रेश्वर धाम में जलाभिषेक करने से भगवान शिव की विशेष कृपा प्राप्त होती है। अंतिम रविवार को उमड़ी यह विशाल भीड़ क्षेत्र में बाबा आम्रेश्वर धाम के प्रति लोगों की गहरी आस्था और विश्वास को दर्शाती है।
